अनेकार्थी शब्द
वे शब्द जिनके एक से अधिक भिन्न-भिन्न अर्थ होते हैं, उन्हें अनेकार्थी शब्द कहते हैं।



वे शब्द जिनके एक से अधिक भिन्न-भिन्न अर्थ होते हैं, उन्हें अनेकार्थी शब्द कहते हैं।
अर्थ और परिभाषा :
अनेकार्थी शब्द उन शब्दों को कहते हैं, जिनके एक से अधिक अर्थ होते हैं। 'अनेक' + 'अर्थी' = एक से ज्यादा अर्थ देने वाले शब्द, अर्थात्, भाषा में प्रयोग होने वाले ऐसे शब्द जिनके एक से ज्यादा अर्थ निकलते हों। इन शब्दों का वास्तविक अर्थ इस बात पर निर्भर करता है कि उन्हें किस वाक्य या प्रसंग में प्रयोग किया जा रहा है।
वे शब्द जिनके एक से अधिक भिन्न-भिन्न अर्थ होते हैं और जिनका प्रयोग अलग-अलग प्रसंगों में अलग-अलग अर्थ प्रकट करने के लिए किया जाता है, उन्हें अनेकार्थी शब्द कहते हैं।
अनेकार्थी शब्दों के कुछ प्रमुख उदाहरण:
कर: इसके कई अर्थ होते हैं — हाथ, टैक्स, और सूंड।
उदाहरण: 1. उसने अपने करों (हाथों) से दान दिया।
2. सरकार ने नया कर (टैक्स) लगाया है।
हार : पराजय, गले की माला
3. राजा युद्ध में हार गया। अर्थ = पराजय
4. रानी ने मोतियों का हार पहना है। अर्थ = गले की माला
यहाँ प्रसंग ही तय करता है कि शब्द का कौन सा अर्थ लागू होगा।
अनेकार्थी शब्द:
1. अंबुज - कमल, चंद्रमा, शंख
2. अंश - भाग, हिस्सा, भाज्य अंक
3. अनल - आग, पित्त, परमेश्वर
4. अमृत - अमर, जल, घी
5. अरुण - प्रातःकालीन सूर्य, गहरा लाल रंग
6. नग - पर्वत, नगीना, वृक्ष
7. नाग - सर्प, हाथी
8. पक्ष - पंख, पखवारा, तरफ
9. मधु - शहद, शराब, चैत्र का महीना, पराग
10. मित्र - सूर्य, सखा
11. विधि - ब्रह्मा, ढंग
12. तात - पिता, भाई, गुरु
13. नाक - नासिका, स्वर्ग, आकाश
14. पद - पैर, स्थान, अधिकार
15. नीरज - कमल, मोती, धूलरहित
16. निशाचर - राक्षस, उल्लू
17. पवन - वायु, विष्णु, कुम्हार का आँवा
18. मद - नशा, उन्माद, गर्व
19. मेघ - बादल, एक राग, समूह
20. राजा - शासक, स्वामी, धनी, प्रिय
21. लक्ष्य - निशाना, उद्देश्य, अभीष्ट
22. सुरभि - कामधेनु, सुगंध, वसंत
23. वारिद - बादल, जल देने वाला, मेघ
24. पयोधि - समुद्र, दूध का बर्तन
25. फूल - पुष्प, एक आभूषण, श्वेत कुष्ठ रोग
26. द्विज - ब्राह्मण, पक्षी
27. मुद्रा - अंगूठी, आकृति, रुपया
28. शिखा - किरण, लौ, चोटी